बदली हुई राजनैतिक परिस्थितियों के कारण भारत का सम्मान विश्वपटल पर बढ़ा है |

बदली हुई राजनैतिक परिस्थितियों के कारण भारत का सम्मान विश्वपटल पर बढ़ा है | इस कथन की समीक्षा करते हुए पिछले एक वर्ष के सरकार द्वारा किये गए कार्यों की समीक्षा करते हुए एक प्रस्ताव लिखिए |

१६ मई २०१४ का दिन पूरे भारत के लिए ऐतिहासिक रहा | भारत की सोलहवी लोकसभा का चुनाव परिणाम इसी दिन घोषित किया गया | श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारतीय जनता पार्टी ने पूर्ण बहुमत प्राप्त किया था | ३० वर्षों के बाद देश की जनता ने किसी राजनैतिक दल को पूर्ण बहुमत दिया था | नरेंद्र मोदी की विकास पुरुष की छवि और राष्ट्रवादी नीतियों ने उन्हें संसार के सबसे बड़े लोकतंत्र का प्रधानमंत्री बना दिया |

नरेंद्र मोदी जी ने प्रधानमंत्री  बनते ही जिस विषय पर सबसे ज्यादा ध्यान दिया वो है भारत की विदेश नीति | भारत अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर एक सशक्त राष्ट्र के रूप में अपनी छवि छोड़ने में अब तक नाकामयाब रहा था | हमारी विदेश नीति काफी हद तक असफल हो चुकी थी | हमारे सभी पडोसी देशों से हमारे संबंध बिगड़ रहे थे | हमारे चीर सहयोगी देशों नेपाल, भूटान और श्रीलंका में भी भारत के खिलाफ गतिविधियाँ बढ़ने लगी थी | चीन से इन देशों के संबंध बेहतर होते जा रहे थे | ऐसे में नरेंद्र मोदी जी ने पडोसी देशों से संबंध सुधारने पर बहुत ध्यान दिया | उन्होंने सरकार बनने के बाद अमेरिका या इंग्लैंड के बजाय जापान और भूटान की यात्रा की | उन्हें बताया कि हमारे पडोसी होने के नाते वो हमारे लिए सबसे ज्यादा महत्वपूर्ण है | श्रीलंका की नई सरकार के साथ वार्ता कर वहाँ भी चीन का प्रभाव काफी हद तक कम कर दिया गया है |

पाकिस्तान की तरफ से भारत पर जब-तब गोलीबारी होती थी | प्रधानमंत्री के आदेश पर इस बार हमारी सेना ने उन्हें ऐसा जवाब दिया कि पाकिस्तान भारत से गोलीबारी रोकने की प्रार्थना करने लगा | भारत और चीन की सीमा पर सटे इलाकों में चीन ने बहुत सारे निर्माण कार्य किये किंतु वह भारत को एक वहाँ एक सड़क भी बनाने नहीं देता | वर्तमान सरकार ने इस मामले में कड़ा रुख अपनाते हुए वहाँ बड़े पैमाने पर सड़क और रेलमार्ग का निर्माण शुरू किया है | इस निर्माण कार्य को रोकने के लिए चीन की सेना भारत में घुसी किंतु हमारी सेना ने उन्हें रोक दिया | कई दिनों तक दोनों सेनाएँ आमने-सामने रही किंतु अंत में चीनी सेना को पीछे लौटना पड़ा | नई सड़कें बनने से भारतीय सेना की स्थिति वहाँ मजबूत हुई है |

इसके अलावा ऑपरेशन राहत के द्वारा भारत ने जिस तरह सीरिया में भारतीय और अंतर्राष्ट्रीय नागरिकों की जान बचाई, भूकंपग्रस्त नेपाल की जो सहायता की, उससे भारत की छवि अब पूरे संसार में बदल गयी है | अमेरिका से लेकर युरोप के अनेक देशों ने भारत की प्रशंसा की | वे सब भारतीय प्रधानमंत्री से मिलने को उत्सुक है | महत्वपूर्ण मुद्दों पर अब भारत का रुख देखा जाने लगा है | कई बड़ी संस्थाओं ने अर्थव्यवस्था के क्षेत्र में भारत की तेज प्रगति का अनुमान लगाया है | भारत को अब एक उभरती हुई शक्ति के तौर पर प्रस्तुत किया जाने लगा है | सभी देश भारत से अच्छे संबंध बनाना चाहते हैं |

बदली हुई परिस्थितियों में भारत को चाहिए कि अब वो अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर सक्रिय हो जाए | पश्चिमी देश कई बार हमें निवेदन कर चुके हैं कि हम अपनी शक्तिशाली सेना का उपयोग अफगानिस्तान और सीरिया में करे जहाँ आतंकवाद चरम पर है | हम अब तक अपनी इस जिम्मेदारी से बचते आए हैं | सीरिया और ईराक में ISIS ने जो अमानवीय चेहरा दिखाया है उसे देखकर शाँत नहीं रहा जा सकता | आज नहीं तो कल इस आतंकवादी समूह का प्रभाव पाकिस्तान होते हुए भारत पहुँचेगा | ऐसे में आवश्यक है कि उन्हें आज ही रोक दिया जाए |

पश्चमी देशों की वायुसेना, इसराईल की जासूसी क्षमता और भारत की थल सेना यह तीनों मिलकर इस समय ISIS को रोक सकती है | अन्यथा इस समय ISIS जिस तरह विरोधी देश की सेनाओं को गाजर मूली की तरह काट कर आगे बढ़ रहा है, वह दिन दूर नहीं जब वह हमारी सीमा के पास तक पहुँच जाए | ऐसे में यह जरुरी है कि भारत अभी से ISIS को ख़त्म करने में अन्य देशों की सहायता करे |

अब समय आ गया है कि भारत अपनी ताकत का एहसास मानवताविरोधी शक्तियों को कराए | भारत सरकार को इस प्रस्ताव पर गौर करना चाहिए और अपनी अंतर राष्ट्रीय जिम्मेदारी का निर्वाह करना चाहिए | तभी हम वास्तव में विश्व नागरिक कहलाएँगे |

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